चौथा अक्षर संवाददाता /पोरबंदर,
16 फरवरी 2026 की रात एक त्वरित और सुनियोजित संयुक्त अभियान में भारतीय तटरक्षक बल (ICG) ने गुजरात एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) के साथ समन्वय करते हुए अरब सागर में लगभग 203 किलोग्राम संदिग्ध क्रिस्टलीय मादक पदार्थ बरामद किए। यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (IMBL) के समीप की गई।
गुजरात एटीएस से प्राप्त पुष्ट खुफिया सूचना के आधार पर, Coast Guard Region (North West) के अंतर्गत बहु-मिशन तैनाती पर मौजूद एक आईसीजी पोत को संदिग्ध विदेशी मछली पकड़ने वाली नाव को रोकने के लिए तुरंत डायवर्ट किया गया। सूचना थी कि उक्त नाव मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त हो सकती है।

कठिन समुद्री परिस्थितियों के बावजूद, तटरक्षक पोत ने मानव खुफिया और उन्नत तकनीकी निगरानी प्रणालियों के संयोजन से संदिग्ध नौका की पहचान की। संदिग्ध स्पीड बोट ने भागने का प्रयास किया, लेकिन तटरक्षक बल की सतर्कता और तत्परता के चलते उसका सफलतापूर्वक पीछा कर उसे रोक लिया गया।
नौका पर सवार दो विदेशी नागरिकों को हिरासत में लिया गया। तलाशी के दौरान 203 पैकेट बरामद किए गए, जिनमें प्रत्येक का वजन लगभग एक किलोग्राम था। इन पैकेटों में क्रिस्टलीय पदार्थ पाया गया, जिसे प्रारंभिक जांच में मादक पदार्थ होने का संदेह है।
जब्त की गई नौका, बरामद मादक पदार्थ और दोनों आरोपियों को आगे की जांच तथा रासायनिक विश्लेषण के लिए पोरबंदर लाया गया है। संबंधित एजेंसियां अब मामले की गहन जांच में जुटी हैं, ताकि इस तस्करी नेटवर्क के अन्य कड़ियों का पता लगाया जा सके।
यह कार्रवाई समुद्री सुरक्षा और मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ भारतीय एजेंसियों की सतर्कता और समन्वित प्रयासों का एक और सशक्त उदाहरण है।






