इंडियन प्रीमियर लीग 2026 अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है और अब सिर्फ दो मुकाबले बाकी हैं। ऐसे में क्रिकेट प्रेमियों के बीच उत्साह चरम पर है। इसी बीच भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी Board of Control for Cricket in India ने एक नया नियम लागू कर दिया है, जिसने खिलाड़ियों और फैंस दोनों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। यह नया नियम खासतौर पर खिलाड़ियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले चश्मों और आईवियर से जुड़ा हुआ है।
BCCI के इस फैसले के बाद टीम मैनेजमेंट और खिलाड़ियों को तुरंत नई गाइडलाइन का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। बोर्ड का कहना है कि यह नियम खिलाड़ियों की सुरक्षा और खेल के दौरान निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लागू किया गया है। पिछले कुछ समय से कई खिलाड़ी अलग-अलग प्रकार के स्पोर्ट्स ग्लासेस और स्मार्ट विज़न डिवाइस का इस्तेमाल कर रहे थे, जिसके बाद इस विषय पर चर्चा तेज हो गई थी।
खिलाड़ियों के चश्मों पर रहेगी विशेष निगरानी
नई गाइडलाइन के अनुसार अब मैदान पर इस्तेमाल होने वाले चश्मों की पहले जांच की जाएगी। खिलाड़ियों को केवल वही स्पोर्ट्स ग्लासेस पहनने की अनुमति होगी जो BCCI और मैच अधिकारियों द्वारा तय मानकों पर खरे उतरेंगे। ऐसे किसी भी चश्मे या स्मार्ट डिवाइस पर रोक रहेगी जिसमें रिकॉर्डिंग, डिजिटल डिस्प्ले या किसी प्रकार की तकनीकी सहायता उपलब्ध हो। बोर्ड ने साफ किया है कि क्रिकेट जैसे बड़े टूर्नामेंट में किसी भी तरह की तकनीकी बढ़त या बाहरी सहायता खेल की निष्पक्षता पर सवाल खड़े कर सकती है। यही वजह है कि फाइनल मुकाबलों से पहले यह कदम उठाया गया है। मैच रेफरी और अंपायरों को भी इस नियम का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
खबरों के मुताबिक कुछ खिलाड़ियों ने हाल के मैचों में हाई-टेक स्पोर्ट्स ग्लासेस का इस्तेमाल किया था, जिनमें बेहतर विज़न और विशेष लेंस टेक्नोलॉजी मौजूद थी। हालांकि इन डिवाइसों को लेकर कोई आधिकारिक शिकायत नहीं मिली थी, लेकिन BCCI ने भविष्य में किसी भी विवाद से बचने के लिए पहले ही सख्त कदम उठाने का फैसला किया।
क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि यह नियम आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भी लागू हो सकता है। आधुनिक तकनीक तेजी से खेल का हिस्सा बन रही है और ऐसे में नियमों को समय-समय पर अपडेट करना जरूरी हो जाता है। कई पूर्व खिलाड़ियों ने भी BCCI के फैसले का समर्थन किया है और कहा है कि खेल में समान अवसर बनाए रखना सबसे महत्वपूर्ण है।
आईपीएल के आखिरी दो मुकाबलों से पहले आए इस फैसले ने टूर्नामेंट को और चर्चा में ला दिया है। अब सभी की नजर इस बात पर रहेगी कि मैदान पर खिलाड़ी किस तरह नए नियमों का पालन करते नजर आते हैं। फैंस भी यह देखने के लिए उत्साहित हैं कि क्या यह नया नियम भविष्य में क्रिकेट के अन्य बड़े टूर्नामेंटों में भी लागू किया जाएगा।






