टेलीकॉम कंपनी Airtel ने अपने प्रीपेड रिचार्ज पोर्टफोलियो में बड़ा बदलाव किया है। कंपनी ने ₹299 समेत कुछ चुनिंदा रिचार्ज प्लान्स को बंद कर दिया है। इस फैसले का सीधा असर उन ग्राहकों पर पड़ सकता है, जो कम कीमत वाले प्लान के जरिए मोबाइल सेवाओं का इस्तेमाल करते थे। अब ऐसे यूजर्स को अगला उपलब्ध विकल्प चुनने के लिए पहले से ज्यादा रकम खर्च करनी पड़ सकती है। ₹299 वाला प्लान एयरटेल के उन रिचार्ज पैक्स में शामिल था, जो सीमित बजट वाले ग्राहकों के बीच उपयोगी विकल्प माना जाता था। इस प्लान के हटने के बाद ₹349 वाला पैक कई ग्राहकों के लिए अगला विकल्प बन सकता है। यानी पहले जहां ₹299 खर्च होते थे, वहीं अब ₹349 खर्च करने पड़ सकते हैं।
कीमत के हिसाब से देखें तो दोनों प्लान के बीच ₹50 का अंतर है। ₹299 की तुलना में ₹349 वाला रिचार्ज करीब 16.7 फीसदी महंगा है। ऐसे में हर महीने बजट के हिसाब से रिचार्ज कराने वाले ग्राहकों पर इसका सीधा असर पड़ सकता है। हालांकि, दोनों प्लान में मिलने वाले डेटा, वैधता और दूसरे फायदे अलग हो सकते हैं, इसलिए केवल कीमत के आधार पर तुलना करना सही नहीं होगा।
ARPU बढ़ाने की रणनीति से जुड़ा माना जा रहा बदलाव !
एयरटेल के इस कदम को कंपनी की ARPU यानी Average Revenue Per User बढ़ाने की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। ARPU यह बताता है कि कंपनी एक ग्राहक से औसतन कितना राजस्व हासिल करती है। जब ग्राहक कम कीमत वाले पैक की जगह ज्यादा कीमत वाला रिचार्ज करता है, तो कंपनी की प्रति ग्राहक कमाई बढ़ सकती है। टेलीकॉम कंपनियों के लिए ARPU लगातार महत्वपूर्ण होता जा रहा है। नेटवर्क के विस्तार, 5G इंफ्रास्ट्रक्चर, स्पेक्ट्रम और तकनीकी सेवाओं में बड़े निवेश के बीच कंपनियां अपने राजस्व को मजबूत करने पर जोर देती हैं। ऐसे में प्रीपेड प्लान्स की कीमत और उपलब्ध विकल्पों में बदलाव एक अहम कारोबारी रणनीति हो सकता है
₹299 वाला प्लान बंद होने के बाद अगर ग्राहक ₹349 का रिचार्ज चुनता है, तो उसे हर रिचार्ज पर ₹50 अतिरिक्त खर्च करने होंगे। सालभर में हर महीने ऐसा रिचार्ज करने पर अतिरिक्त खर्च ₹600 तक पहुंच सकता है। हालांकि वास्तविक खर्च ग्राहक द्वारा चुने जाने वाले रिचार्ज की अवधि और जरूरत पर निर्भर करेगा। कम बजट वाले यूजर्स के लिए यह बदलाव ज्यादा महत्वपूर्ण है। वहीं, जिन ग्राहकों को ज्यादा डेटा या लंबी वैधता की जरूरत है, वे दूसरे उपलब्ध पैक्स की तुलना करके अपने लिए बेहतर विकल्प चुन सकते हैं। रिचार्ज कराने से पहले ग्राहकों को एयरटेल के मौजूदा प्लान्स में मिलने वाली वैधता, डेटा, कॉलिंग और अन्य सुविधाओं की जांच कर लेनी चाहिए। कुल मिलाकर, ₹299 जैसे कम कीमत वाले प्लान को हटाना एयरटेल की प्राइसिंग रणनीति में बदलाव का संकेत है। इसका उद्देश्य जहां कंपनी के राजस्व और ARPU को मजबूत करना हो सकता है, वहीं ग्राहकों को अपने मोबाइल बजट में थोड़ा बदलाव करना पड़ सकता है।






