नई दिल्ली। ऑटो कंपोनेंट सेक्टर की कंपनी Hero Motors ने अपने बहुप्रतीक्षित Initial Public Offering (IPO) के लिए प्राइस बैंड तय कर दिया है। कंपनी का ₹1,000 करोड़ का IPO ₹79 से ₹84 प्रति शेयर के प्राइस बैंड में आएगा। ऊपरी प्राइस बैंड पर कंपनी का वैल्यूएशन करीब ₹3,815 करोड़ बैठता है।
₹1,000 करोड़ का होगा IPO ?
Hero Motors का IPO कुल ₹1,000 करोड़ का है। इसमें ₹600 करोड़ का फ्रेश इश्यू और करीब ₹400 करोड़ का Offer for Sale (OFS) शामिल है। फ्रेश इश्यू से मिलने वाली रकम कंपनी के कारोबार को आगे बढ़ाने, विस्तार, रिसर्च एंड डेवलपमेंट तथा अन्य कॉरपोरेट जरूरतों के लिए इस्तेमाल की जाएगी, जबकि OFS के जरिए मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी का एक हिस्सा बेचेंगे। IPO में फ्रेश इश्यू और OFS का यह मिश्रण निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि फ्रेश इश्यू से जुटाई गई पूंजी कंपनी के पास जाती है, जबकि OFS की राशि संबंधित शेयर बेचने वाले मौजूदा निवेशकों को प्राप्त होती है।
कब खुलेगा Hero Motors IPO?
ताजा जानकारी के मुताबिक Hero Motors IPO में निवेशक 15 सितंबर से 18 सितंबर 2026 तक बोली लगा सकेंगे। IPO के बाद कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग 23 सितंबर 2026 को होने की संभावना बताई गई है। कंपनी के IPO को लेकर निवेशकों की नजर खास तौर पर ऑटो कंपोनेंट और एडवांस्ड मोबिलिटी सेगमेंट पर रहेगी। Hero Motors विभिन्न ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए कंपोनेंट और संबंधित उत्पादों का निर्माण करती है।
BMW और Ducati जैसी कंपनियों से जुड़ा कारोबार ?
Hero Motors की पहचान ऑटो कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग कंपनी के रूप में है और यह वैश्विक ऑटोमोबाइल सप्लाई चेन में भी काम करती है। कंपनी से जुड़ी रिपोर्टों में BMW और Ducati जैसी कंपनियों को पार्ट्स सप्लाई करने का उल्लेख किया गया है। इससे कंपनी को ऑटो सेक्टर में एक मजबूत ग्राहक आधार और वैश्विक कारोबार की संभावनाएं मिलती हैं।
IPO में निवेश करने से पहले केवल कंपनी के ब्रांड और कारोबार को देखना पर्याप्त नहीं होगा। रिपोर्टों के अनुसार कंपनी के राजस्व का बड़ा हिस्सा कुछ प्रमुख ग्राहकों पर निर्भर है। इसके अलावा कुछ सहायक कंपनियों की वित्तीय स्थिति, लंबित कानूनी एवं नियामकीय मामले और सप्लाई चेन से जुड़े जोखिम भी निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण बिंदु हैं।
निवेशकों की नजर प्राइस बैंड और वैल्यूएशन पर ?
₹79-84 का प्राइस बैंड तय होने के बाद अब निवेशकों का ध्यान IPO के सब्सक्रिप्शन आंकड़ों, ग्रे मार्केट प्रीमियम, कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और लिस्टिंग के संभावित प्रदर्शन पर रहेगा। हालांकि ग्रे मार्केट प्रीमियम में तेजी या गिरावट को शेयर की लिस्टिंग का पक्का संकेत नहीं माना जा सकता। Hero Motors IPO ऐसे समय में आ रहा है जब भारतीय IPO बाजार में निवेशकों की गतिविधियां फिर तेज हुई हैं। अब देखना होगा कि ₹1,000 करोड़ के इस इश्यू को निवेशकों से कितना समर्थन मिलता है और लिस्टिंग के दिन शेयर बाजार में इसकी शुरुआत कैसी रहती है। IPO में निवेश बाजार जोखिम के अधीन है। निवेश करने से पहले कंपनी का DRHP/RHP, वित्तीय आंकड़े, वैल्यूएशन और जोखिम कारकों को जरूर समझें।






