6 नवंबर को भारती एयरटेल के शेयरों में तेजी देखने को मिली। BSE पर कंपनी का शेयर 1.66 फीसदी की बढ़त के साथ ₹2,096.25 पर बंद हुआ। इस तेजी के साथ कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर लगभग ₹13.08 लाख करोड़ पहुंच गया। वहीं, जियो प्लेटफॉर्म्स का मार्केट कैप लगभग ₹12.95 लाख करोड़ रहा। इस तरह एयरटेल ने जियो को पीछे छोड़कर दूसरा स्थान वापस हासिल कर लिया।
देश की पांच सबसे बड़ी लिस्टेड कंपनियां ?
6 नवंबर 2026 के बाजार बंद होने के आंकड़ों के अनुसार कंपनियों की स्थिति इस प्रकार रही:
रैंक| कंपनी| मार्केट कैप
1| रिलायंस इंडस्ट्रीज| ₹17.84 लाख करोड़
2| भारती एयरटेल| ₹13.08 लाख करोड़
3| जियो प्लेटफॉर्म्स| ₹12.95 लाख करोड़
4| HDFC बैंक| ₹12.15 लाख करोड़
5| ICICI बैंक| ₹11.27 लाख करोड़
ये आंकड़े BSE के 6 नवंबर के बाजार बंद होने के आसपास के हैं। NSE के आंकड़ों में मामूली अंतर हो सकता है।
जियो ने IPO के बाद हासिल किया था दूसरा स्थान ?
जियो प्लेटफॉर्म्स ने 28 अक्टूबर 2026 को शेयर बाजार में लिस्टिंग के बाद देश की दूसरी सबसे मूल्यवान लिस्टेड कंपनी का स्थान हासिल किया था। कंपनी का IPO करीब ₹30,213 करोड़ का था। लिस्टिंग के बाद जियो के शेयरों में तेजी आई और उसका मार्केट कैप ₹13 लाख करोड़ के पार पहुंच गया था। हालांकि, 6 नवंबर को एयरटेल के शेयरों में तेजी और जियो के शेयरों में गिरावट के कारण दोनों कंपनियों की रैंकिंग फिर बदल गई।
तिमाही नतीजों से एयरटेल के शेयरों को मिला सहारा ?
भारती एयरटेल ने सितंबर 2026 तिमाही में मजबूत वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 31 फीसदी बढ़कर ₹8,887.5 करोड़ हो गया। पिछले साल की समान तिमाही में यह ₹6,791.6 करोड़ था।
कंपनी के भारत मोबाइल कारोबार से मिलने वाले रेवेन्यू में भी 10.1 फीसदी की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, प्रति यूजर औसत रेवेन्यू यानी ARPU बढ़कर ₹271 हो गया, जबकि पिछले साल यह ₹256 था। ARPU टेलीकॉम कंपनियों के लिए महत्वपूर्ण आंकड़ा है। इससे पता चलता है कि कंपनी को प्रत्येक ग्राहक से औसतन कितनी कमाई हो रही है।
बाजार में तेजी का भी मिला फायदा ?
6 नवंबर को भारतीय शेयर बाजार में लगातार सातवें कारोबारी सत्र में तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स 1,718 अंक यानी 2.17 फीसदी उछलकर 81,028 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 50 में 494 अंकों यानी 2.01 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई और यह 25,030 पर बंद हुआ। बड़ी कंपनियों के शेयरों में खरीदारी का फायदा भारती एयरटेल को भी मिला।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
मार्केट कैप में दूसरे स्थान पर पहुंचना कंपनी के बाजार मूल्यांकन में हुई बढ़ोतरी को दर्शाता है। हालांकि, बाजार पूंजीकरण में बदलाव शेयर की कीमत के साथ रोजाना होता रहता है। इसलिए यह रैंकिंग स्थायी नहीं होती।
निवेशकों को एयरटेल के तिमाही नतीजों, ARPU, ग्राहक संख्या, कर्ज और भविष्य की पूंजीगत योजनाओं पर भी नजर रखनी चाहिए। भारती एयरटेल ने 6 नवंबर 2026 को जियो प्लेटफॉर्म्स को पीछे छोड़कर देश की दूसरी सबसे बड़ी लिस्टेड कंपनी का स्थान फिर हासिल कर लिया। रिलायंस इंडस्ट्रीज पहले स्थान पर बनी हुई है। आने वाले कारोबारी सत्रों में शेयरों की चाल के साथ यह रैंकिंग बदल भी सकती है।






