देश में बढ़ती ट्रैफिक समस्या, प्रदूषण और ईंधन की खपत को कम करने के लिए केंद्र सरकार लगातार सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा दे रही है। इसी दिशा में प्रधानमंत्री Narendra Modi की अपील का सकारात्मक असर अब जमीन पर दिखाई देने लगा है। दिल्ली-एनसीआर में संचालित अत्याधुनिक और हाईस्पीड “नमो भारत” ट्रेनों में यात्रियों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। हाल ही में जारी आंकड़ों के अनुसार, नमो भारत ट्रेन सेवा की कुल राइडरशिप 3 करोड़ यात्रियों के आंकड़े को पार कर चुकी है। वहीं यात्रियों की संख्या में करीब 8 से 10 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है।
नमो भारत ट्रेनें आधुनिक तकनीक, तेज गति और आरामदायक यात्रा के कारण लोगों की पहली पसंद बनती जा रही हैं। पहले जहां लोग निजी वाहनों का अधिक उपयोग करते थे, वहीं अब बड़ी संख्या में यात्री सार्वजनिक परिवहन की ओर रुख कर रहे हैं। इससे न केवल लोगों का समय बच रहा है, बल्कि ईंधन की खपत और प्रदूषण में भी कमी आ रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इसी तरह लोग सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल बढ़ाते रहे, तो आने वाले वर्षों में शहरी ट्रैफिक की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है।
सार्वजनिक परिवहन बना लोगों की पहली पसंद ?
दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में रोजाना लाखों लोग काम, पढ़ाई और व्यवसाय के लिए यात्रा करते हैं। ऐसे में नमो भारत ट्रेनों ने यात्रा को पहले की तुलना में अधिक आसान और सुविधाजनक बना दिया है। ट्रेन की हाईस्पीड सेवा यात्रियों को कम समय में गंतव्य तक पहुंचाने में मदद कर रही है। इसके अलावा स्टेशन पर उपलब्ध आधुनिक सुविधाएं, सुरक्षा व्यवस्था और साफ-सफाई भी लोगों को आकर्षित कर रही हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में देशवासियों से अधिक से अधिक सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने की अपील की थी। उनका कहना था कि इससे ईंधन की बचत होगी और पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिलेगी। अब नमो भारत ट्रेनों की बढ़ती राइडरशिप यह साबित कर रही है कि लोग इस संदेश को गंभीरता से अपना रहे हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार, सार्वजनिक परिवहन के बढ़ते उपयोग से सड़क दुर्घटनाओं में कमी आने की भी संभावना रहती है। इसके साथ ही शहरों में ट्रैफिक जाम की समस्या भी धीरे-धीरे कम हो सकती है। नमो भारत परियोजना को भविष्य के स्मार्ट और टिकाऊ भारत की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में नमो भारत नेटवर्क का और विस्तार किया जाएगा, जिससे दिल्ली-एनसीआर के अलावा अन्य क्षेत्रों के लोगों को भी तेज और आधुनिक परिवहन सुविधा मिल सकेगी। बढ़ती राइडरशिप यह संकेत देती है कि भारत में लोग अब सुविधाजनक, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल यात्रा विकल्पों को तेजी से अपना रहे हैं।






