NSE IPO Listing: नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया यानी NSE के शेयरों ने 24 सितंबर 2026 को शेयर बाजार में अपना बहुप्रतीक्षित डेब्यू किया। हालांकि लिस्टिंग के समय शेयर ने बहुत बड़ा प्रीमियम नहीं दिया, लेकिन बाजार में कारोबार शुरू होने के बाद इसमें तेजी देखने को मिली। NSE के शेयर ₹1,800 प्रति शेयर के भाव पर BSE पर लिस्ट हुए, जबकि IPO का इश्यू प्राइस ₹1,785 था। इस तरह लिस्टिंग करीब 0.84% प्रीमियम पर हुई।
₹1,785 के इश्यू प्राइस के मुकाबले ₹1,800 पर शुरुआत ?
NSE IPO के लिए प्राइस बैंड ₹1,700 से ₹1,785 प्रति शेयर तय किया गया था। ऊपरी प्राइस बैंड पर शेयर आवंटित होने वाले निवेशकों के लिए ₹1,800 की लिस्टिंग का मतलब सिर्फ ₹15 प्रति शेयर का शुरुआती अंतर रहा। हालांकि, लिस्टिंग के बाद शेयर में खरीदारी बढ़ी और NSE के शेयर ने शुरुआती कारोबार में ₹1,878 का इंट्राडे हाई भी छुआ। यह IPO इश्यू प्राइस की तुलना में करीब 5.2% ऊपर का स्तर था।
देश के सबसे बड़े IPO में शामिल था NSE इश्यू ?
NSE का IPO करीब ₹22,562 करोड़ का था और यह पूरी तरह Offer for Sale (OFS) था। यानी IPO से मिलने वाली राशि NSE के पास नए कारोबार के लिए नहीं गई, बल्कि मौजूदा शेयरधारकों को शेयर बेचने से प्राप्त हुई। IPO को कुल मिलाकर 5.71 गुना सब्सक्रिप्शन मिला। Qualified Institutional Buyers यानी QIB कैटेगरी में 12.68 गुना और Non-Institutional Investors यानी NII कैटेगरी में 6.55 गुना सब्सक्रिप्शन दर्ज किया गया। रिटेल निवेशकों का हिस्सा 1.39 गुना सब्सक्राइब हुआ।
GMP से कम रहा शुरुआती प्रदर्शन ?
लिस्टिंग से पहले ग्रे मार्केट में NSE IPO का GMP करीब ₹38-₹40 के आसपास बताया जा रहा था। इसके आधार पर अनुमानित लिस्टिंग लगभग ₹1,823-₹1,825 तक मानी जा रही थी। वास्तविक लिस्टिंग ₹1,800 पर हुई, यानी ग्रे मार्केट के संकेत से कुछ कम। यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि GMP कोई आधिकारिक एक्सचेंज आंकड़ा नहीं है और इसमें तेजी से बदलाव हो सकता है।
NSE की बाजार में मजबूत मौजूदगी ?
NSE भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख एक्सचेंजों में शामिल है और इक्विटी तथा डेरिवेटिव्स सहित कई वित्तीय बाजार गतिविधियों में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। IPO के बाद कंपनी पहली बार सार्वजनिक रूप से सूचीबद्ध हुई है, जिससे निवेशकों को NSE के कारोबार में सीधे शेयरधारक बनने का अवसर मिला है। लिस्टिंग के समय NSE का बाजार पूंजीकरण करीब ₹4.45 लाख करोड़ से अधिक रहा।
आगे शेयर की चाल पर रहेगी नजर ?
NSE की लिस्टिंग के बाद अब निवेशकों का ध्यान कंपनी के तिमाही वित्तीय नतीजों, ट्रेडिंग वॉल्यूम, नियामकीय बदलाव और डेरिवेटिव कारोबार से होने वाली आय पर रहेगा। बाजार गतिविधि में बदलाव और नियामकीय नियमों का NSE के कारोबार पर प्रभाव पड़ सकता है। NSE ने ₹1,785 के इश्यू प्राइस के मुकाबले ₹1,800 पर शेयर बाजार में शुरुआत की। शुरुआती लिस्टिंग भले ही मामूली प्रीमियम पर हुई, लेकिन कारोबार शुरू होने के बाद शेयर ने ₹1,878 तक का स्तर देखा। अब आने वाले समय में कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और बाजार परिस्थितियों से शेयर की दिशा तय होगी।






