चौथा अक्षर संवाददाता/नई दिल्ली
दक्षिण दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में पांच मंजिला ‘फ्लोरिश स्टे बी एंड बी’ होटल में बुधवार को भीषण आग लग गई, इस भीषण अग्नि कांड में अब तक कम से कम 21 लोगों की मौत हो गई है । वहीं कई लोगों के घायल होने की खबर भी सामने आई है। इसमें कई की हालात गंभीर बताई जा रही है जबकि इस घटना में 37 लोगों का रेस्क्यू किया गया है।अधिकारियों के मुताबिक मृतकों में कई विदेशी नागरिक हैं, जिनमें मुख्य रूप से मध्य एशियाई और अफ्रीकी देशों के निवासी शामिल हैं।

अधिकारियों का यह भी कहना है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है क्योंकि कई घायल गंभीर हालत में हैं। निकाले गए लोगों में उन मरीजों के रिश्तेदार भी शामिल हैं जिनका इलाज पास के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। आग मालवीय नगर के भीड़भाड़ वाले इलाके हौज रानी में ‘फ्लोरिश स्टे बी एंड बी’ में लगी।आग लगने का कारण अब तक पता नहीं चल पाया है। अधिकारियों ने घटना की जांच शुरू कर दी है।

दमकल अधिकारी ए. के. मलिक के अनुसार, इमारत में एक तहखाना, भूतल और पांच ऊपरी मंजिलें हैं। बेसमेंट में रेस्तरां चल रहा था, जबकि इमारत के बाकी हिस्से का इस्तेमाल होटल के रूप में किया जा रहा था।
और होटल में केवल एक ही प्रवेश-निकास द्वार था। उन्होंने बताया कि अग्निशमन संबंधी अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) की जांच की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, 40 से अधिक लोगों को निकाला गया और अस्पताल ले जाया गया, जहां 21 लोगों को मृत घोषित कर दिया गया।
बताया जाता है कि एम्स अस्पताल में 13 मरीज भर्ती हुए, जिनमें से तीन गिरने से घायल हुए थे, जबकि 10 बचावकर्मी थे। दिल्ली अग्निशमन सेवा, पुलिस और आपदा राहत इकाइयों की टीमों ने धुएं से काली पड़ी इमारत में जीवित बचे लोगों की तलाश की। पीड़ितों को इमारत से बाहर निकाला गया और एम्बुलेंस से अस्पतालों में पहुंचाया गया। घटनास्थल से मिले वीडियो फुटेज में बचावकर्मी इमारत के तहखाने से लोगों को निकालते हुए दिखाई दे रहे हैं। आग लगने से इमारत को भारी नुकसान पहुंचा। मलबा, कांच के टुकड़े और जली हुई सामग्री चारों ओर बिखरी पड़ी थी। घटनास्थल के पास भारी भीड़ जमा हो गई।
अधिकारियों ने घटनास्थल की घेराबंदी कर दी तथा बचाव अभियान को सुचारू रूप से चलाने के लिए यातायात का मार्ग बदल दिया। एक प्रत्यक्षदर्शी ने पत्रकारों को बताया कि सुबह करीब 9:30 बजे जब वह उस इलाके से गुजर रहा था, तब उसने इमारत से आग की लपटें और धुआं उठता देखा।
उसने कहा, “मैंने चार से छह लोगों को शीशा तोड़कर आग से बचने के लिए इमारत से कूदते देखा। गिरने के बाद एक व्यक्ति का पैर टूट गया था।” प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि बचाव दल ने बाद में इलाके को खाली करा लिया और यातायात के लिए मार्ग बदल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आपातकालीन सेवाओं के पहुंचने से पहले बचाव कार्यों में स्थानीय लोगों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। गद्दे बेचने वाले ने जमीन पर गद्दे बिछा दिए ताकि इमारत से जान बचाने की कोशिश में कूदने वाले लोगों को चोट न लगे, जबकि अन्य लोगों ने घायलों को सीपीआर दिया।
स्थानीय निवासियों ने ये भी बताया कि इस इमारत में अब एक होटल चल रहा है, लेकिन इसमें पहले खादी भंडार था। कुछ स्थानीय लोगों का आरोप है कि इमारत से बाहर निकलने का केवल एक ही रास्ता था।
उन्होंने दावा किया कि दमकलकर्मी आग लगने के लगभग एक घंटे बाद घटनास्थल पर पहुंचे। इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकी। बचाव अभियान समाप्त हो गया है और पुलिस ने जांच के लिए इमारत की चारों ओर से घेराबंदी कर दी गई है।
इस घटना पर दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि मालवीय नगर में आग लगने की भयानक घटना में लोगों की दुखद मौत से बहुत दुख हुआ। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। मैं घायलों के जल्दी ठीक होने और इस दिल दहला देने वाली त्रासदी से प्रभावित सभी लोगों को ताकत और हिम्मत देने की प्रार्थना करता हूं। घटना की जानकारी मिलते ही, दिल्ली फायर सर्विसेज़, दिल्ली पुलिस, DDMA, CATS एम्बुलेंस सर्विसेज और दूसरी इमरजेंसी रिस्पॉन्स एजेंसियों की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं और बचाव और राहत अभियान शुरू किया। उनके तुरंत जवाब से प्रभावित जगह से कई लोगों को बचाने और निकालने में मदद मिली। दिल्ली सरकार स्थिति पर करीब से नज़र रख रही है। प्रभावित परिवारों को सभी ज़रूरी मेडिकल मदद और सपोर्ट दिया जा रहा है। दुख की इस घड़ी में दिल्ली सरकार प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है। हम इस त्रासदी से प्रभावित लोगों को हर मुमकिन मदद देने के लिए कमिटेड हैं।
LG तरनजीत सिंह संधू ने जताया शोक दिल्ली के LG तरनजीत सिंह संधू ने कहा कि मालवीय नगर के हौज रानी में एक होटल में लगी दुखद आग से बहुत दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं मरने वालों के परिवारों के साथ हैं और मैं सभी के साथ मिलकर घायलों के जल्दी ठीक होने की प्रार्थना करता हूं। पुलिस, सिविल और फायर रेस्क्यू टीमें अभी मौके पर काम कर रही हैं। अधिकारियों से बात की गई है और उन्हें तुरंत मेडिकल मदद, राहत और इस दुखद घटना की पूरी जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।






